देहरादून में उत्तराखंड के उद्योग सचिव विनय शंकर पांडेय ने राज्य में विभागीय जमीन के कथित गलत निपटारे से जुड़े आरोपों पर प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने इन आरोपों को गलत और मनगढ़ंत बताया।
पांडेय ने कहा कि पिछले 2-3 दिनों में मीडिया में ऐसी रिपोर्ट प्रकाशित हुई हैं, जिनमें उत्तराखंड के विभिन्न विभागों की बड़ी जमीन को निपटाए जाने और इससे राज्य को नुकसान होने की बात कही गई है। उन्होंने इस संदर्भ में स्थिति स्पष्ट करते हुए आरोपों को खारिज किया।
उनके बयान में सिडकुल की जमीन का भी उल्लेख है। उद्योग सचिव ने कहा कि सिडकुल समेत विभिन्न विभागों से जुड़ी जमीन के संबंध में लगाए जा रहे ये दावे तथ्यहीन हैं।
क्या कहा उद्योग सचिव ने
विनय शंकर पांडेय ने कहा कि जमीन के बड़े हिस्से को निपटाए जाने और राज्य को नुकसान पहुंचने संबंधी दावे “false and fabricated” हैं। उनका कहना है कि हाल के दिनों में प्रकाशित रिपोर्टों के बाद उन्होंने यह स्पष्टीकरण दिया है।
उपलब्ध जानकारी में इन आरोपों से जुड़ी किसी जांच, प्राथमिकी, प्रशासनिक आदेश या आगे की कार्रवाई का उल्लेख नहीं है। इसलिए इस मामले में फिलहाल केवल उद्योग सचिव की ओर से दी गई सफाई ही सामने आई है।
निष्कर्ष
उत्तराखंड में विभागीय जमीन, खासकर सिडकुल से जुड़ी जमीन, के कथित गलत निपटारे और राज्य को नुकसान के आरोपों को उद्योग सचिव विनय शंकर पांडेय ने खारिज किया है। उन्होंने संबंधित दावों को गलत और मनगढ़ंत बताया।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
Q. उत्तराखंड में जमीन से जुड़े आरोपों पर किसने प्रतिक्रिया दी?
विनय शंकर पांडेय ने इन आरोपों पर प्रतिक्रिया दी है। वह उत्तराखंड के उद्योग सचिव हैं।
Q. आरोप किस तरह की जमीन से जुड़े हैं?
आरोप उत्तराखंड के विभिन्न विभागों की बड़ी जमीन के कथित निपटारे से जुड़े हैं। इनमें सिडकुल की जमीन का भी उल्लेख है।
Q. आरोपों में राज्य के बारे में क्या कहा गया है?
रिपोर्टों में दावा किया गया है कि जमीन के निपटारे से राज्य को नुकसान हो रहा है।
Q. उद्योग सचिव ने इन आरोपों पर क्या कहा?
उन्होंने आरोपों को गलत और मनगढ़ंत बताया है।
Q. ये दावे कब सामने आए?
विनय शंकर पांडेय के अनुसार, ऐसे दावे पिछले 2-3 दिनों में प्रकाशित मीडिया रिपोर्टों में सामने आए।
Q. क्या मामले में जांच या प्राथमिकी की जानकारी है?
उपलब्ध जानकारी में जांच, प्राथमिकी या आगे की प्रशासनिक कार्रवाई का उल्लेख नहीं है।













