देहरादून में 3 महीने से लापता ग्राफिक एरा के छात्र सारिक का सुराग रविवार को किमाड़ी-मसूरी मार्ग की गहरी खाई में मिला। खाई से छात्र का टूटा हुआ स्कूटर, जींस और शरीर की कुछ हड्डियां बरामद हुई हैं। परिजनों ने मौके पर मिले सामान के आधार पर उसकी पहचान की।

सारिक बिजनौर जिले के शेरकोट का रहने वाला था। वह देहरादून की आजाद कॉलोनी में रहकर ग्राफिक एरा में बीएससी आईटी अंतिम वर्ष की पढ़ाई कर रहा था। पुलिस के अनुसार, 21 वर्षीय सारिक पुत्र तारिक 17 जुलाई को अचानक लापता हो गया था। इसके बाद 19 जुलाई को पटेलनगर कोतवाली में गुमशुदगी दर्ज कराई गई थी।

पुलिस और परिजन तभी से उसकी तलाश कर रहे थे। रविवार को किमाड़ी क्षेत्र में करीब एक किमी गहरी खाई से स्कूटर और हड्डियों के कुछ हिस्से मिले। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर सामान बरामद किया। परिजनों ने स्कूटर और जींस देखकर छात्र की पहचान की है।

ड्रोन कैमरे से मिला सुराग

खाई में मिला सुराग एक ड्रोन की मदद से सामने आया। रविवार को एक व्यक्ति इस इलाके में ड्रोन उड़ा रहा था। ड्रोन कैमरे में खाई के अंदर पड़ा स्कूटर और हड्डियों का कुछ हिस्सा दिखाई दिया। व्यक्ति ने इसकी सूचना पुलिस को दी।

पुलिस के मुताबिक, खाई ऐसी जगह पर थी जहां आम राहगीर की नजर आसानी से नहीं पड़ सकती थी। सूचना मिलने के बाद पुलिस टीम मौके पर पहुंची और गहरी खाई से स्कूटर व हड्डियों के हिस्से बरामद किए। इसी कार्रवाई से 3 महीने से चल रही तलाश को दिशा मिली।

ऑनलाइन ट्रेडिंग और कर्ज की जांच

पुलिस जांच में सामने आया है कि सारिक ऑनलाइन ट्रेडिंग करता था। उसके बैंक खातों की जानकारी खंगालने पर ट्रेडिंग में नुकसान और कर्ज होने की बात सामने आई है। पुलिस ने कहा कि कर्ज के तनाव को मामले के संभावित पहलू के तौर पर देखा जा रहा है।

इंस्पेक्टर पटेलनगर नरेश राठौर के अनुसार, पुलिस सभी पहलुओं से जांच कर रही है। उपलब्ध जानकारी के आधार पर कर्ज को घटना का निश्चित कारण नहीं बताया गया है। बरामद हड्डियों और अन्य सामान के संबंध में पुलिस की जांच आगे जारी है।

निष्कर्ष

सारिक की तलाश किमाड़ी-मसूरी मार्ग की गहरी खाई में स्कूटर, जींस और हड्डियों के हिस्से मिलने के बाद आगे बढ़ी है। ड्रोन से मिली सूचना के आधार पर पुलिस ने बरामदगी की। पहचान परिजनों ने की है, जबकि पुलिस मामले के सभी पहलुओं की जांच कर रही है।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

Q. छात्र का नाम क्या था?

सारिक बिजनौर जिले के शेरकोट का रहने वाला था। वह ग्राफिक एरा में बीएससी आईटी अंतिम वर्ष का छात्र था।

Q. सारिक कब लापता हुआ था?

पुलिस के अनुसार, वह 17 जुलाई को अचानक लापता हुआ था। 19 जुलाई को पटेलनगर कोतवाली में गुमशुदगी दर्ज कराई गई थी।

Q. सारिक का सुराग कहां मिला?

उसका स्कूटर, जींस और हड्डियों के कुछ हिस्से किमाड़ी-मसूरी मार्ग की करीब एक किमी गहरी खाई में मिले।

Q. पुलिस को खाई के बारे में कैसे पता चला?

एक व्यक्ति के ड्रोन कैमरे में खाई के अंदर स्कूटर और हड्डियों का हिस्सा दिखाई दिया। इसके बाद उसने पुलिस को सूचना दी।

Q. पुलिस ऑनलाइन ट्रेडिंग को जांच में क्यों देख रही है?

पुलिस के अनुसार, सारिक ऑनलाइन ट्रेडिंग करता था और उसके बैंक खातों की जांच में ट्रेडिंग के नुकसान व कर्ज की जानकारी मिली है।

Q. क्या पुलिस ने घटना का कारण तय कर लिया है?

नहीं। पुलिस ने कर्ज के तनाव को संभावित पहलू बताया है और सभी पहलुओं से जांच जारी होने की बात कही है।