उत्तराखंड में आगामी विधानसभा चुनाव से पहले भाजपा ने कुमाऊं मंडल में संगठन की स्थिति और चुनावी तैयारियों का जायजा लेना शुरू कर दिया है। इसी क्रम में भाजपा प्रदेश प्रभारी राम माधव रविवार को काशीपुर और हल्द्वानी पहुंचे। उन्होंने हल्द्वानी के एक निजी होटल में बिना किसी तामझाम के बैठकें कीं।
सूत्रों के अनुसार, राम माधव ने कुमाऊं के 8 सांगठनिक जिलों के अध्यक्षों से अलग-अलग वन-टू-वन मुलाकात की। बैठकों में किसी तीसरे नेता की मौजूदगी नहीं थी। इस दौरान हर जिले की स्थानीय राजनीतिक स्थिति और संगठन से जुड़े मुद्दों पर सीधे बातचीत की गई।
जिलाध्यक्षों से मांगा गया जमीनी फीडबैक
राम माधव ने नैनीताल, ऊधम सिंह नगर, काशीपुर, रानीखेत, अल्मोड़ा, चंपावत, बागेश्वर और पिथौरागढ़ के जिलाध्यक्षों से मैराथन बैठकें कीं। सूत्रों के मुताबिक, बातचीत में संगठन की सक्रियता और धरातल पर कार्यकर्ताओं के रुख की जानकारी ली गई।
बैठकों में संभावित जिताऊ प्रत्याशियों को लेकर भी सीधा फीडबैक लिया गया। जिलाध्यक्षों से अपने-अपने क्षेत्रों के स्थानीय समीकरण समझने और चुनावी स्थिति की वास्तविक रिपोर्ट देने को कहा गया।
सरकार के कामकाज पर भी चर्चा
प्रदेश प्रभारी ने जिलाध्यक्षों से यह भी जाना कि राज्य सरकार के कामकाज को लेकर आम जनता के बीच कैसी धारणा बन रही है। स्थानीय स्तर पर भाजपा के खिलाफ किसी तरह की नाराजगी या चुनौती होने की जानकारी भी जुटाई गई।
कुमाऊं में रहने वाले कुछ वरिष्ठ प्रदेश पदाधिकारियों ने भी राम माधव से मुलाकात की। उन्होंने क्षेत्र से जुड़े अपने इनपुट प्रदेश प्रभारी के साथ साझा किए।
पार्टी ने नहीं दिया औपचारिक बयान
भाजपा संगठन से जुड़े लोग इस यात्रा को राम माधव का निजी दौरा बता रहे हैं। हालांकि, चुनाव से पहले 8 जिलाध्यक्षों के साथ अलग-अलग बंद कमरे में हुई बैठकों को राजनीतिक रूप से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
राजनीतिक जानकारों के अनुसार, पार्टी हाईकमान टिकट तय करने और चुनावी रणनीति बनाने से पहले जमीनी स्थिति की सीधी रिपोर्ट जुटा रहा है। उनका मानना है कि अलग-अलग जिलाध्यक्षों से बातचीत का मकसद स्थानीय समीकरणों और संभावित चुनौतियों को बिना दबाव समझना हो सकता है।
पार्टी की ओर से राम माधव के इस दौरे को लेकर अभी तक कोई औपचारिक बयान जारी नहीं किया गया है।
निष्कर्ष
राम माधव ने कुमाऊं के 8 सांगठनिक जिलों के अध्यक्षों से अलग-अलग मुलाकात कर संगठन, सरकार की छवि और संभावित प्रत्याशियों पर फीडबैक लिया। भाजपा ने दौरे पर आधिकारिक जानकारी नहीं दी है, लेकिन बैठकों को आगामी विधानसभा चुनाव की तैयारियों से जोड़कर देखा जा रहा है।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
Q. राम माधव उत्तराखंड में कहां पहुंचे थे?
राम माधव रविवार को काशीपुर और हल्द्वानी पहुंचे थे। उन्होंने हल्द्वानी के एक निजी होटल में बैठकें कीं।
Q. उन्होंने किन लोगों से मुलाकात की?
उन्होंने कुमाऊं के 8 सांगठनिक जिलों के अध्यक्षों से अलग-अलग मुलाकात की।
Q. किन जिलों के अध्यक्ष बैठक में शामिल हुए?
नैनीताल, ऊधम सिंह नगर, काशीपुर, रानीखेत, अल्मोड़ा, चंपावत, बागेश्वर और पिथौरागढ़ के जिलाध्यक्षों से बातचीत हुई।
Q. बैठकों में किन मुद्दों पर चर्चा हुई?
संगठन की सक्रियता, कार्यकर्ताओं के रुख, स्थानीय राजनीतिक समीकरण और संभावित जिताऊ प्रत्याशियों पर फीडबैक लिया गया।
Q. क्या सरकार के कामकाज पर भी बात हुई?
हां, जिलाध्यक्षों से जनता के बीच राज्य सरकार के कामकाज को लेकर बनी धारणा के बारे में जानकारी ली गई।
Q. क्या भाजपा ने दौरे पर कोई आधिकारिक बयान दिया है?
नहीं, पार्टी की ओर से इस दौरे को लेकर अभी तक कोई औपचारिक बयान जारी नहीं किया गया है।












