खटीमा के 3 शिक्षकों ने दिल्ली में आयोजित राष्ट्रीय उल्लास मेले में उत्तराखंड का प्रतिनिधित्व करते हुए साक्षरता पर आधारित गीत प्रस्तुत किया। यह कार्यक्रम अंतरराष्ट्रीय साक्षरता दिवस के अवसर पर बाल भवन में आयोजित किया गया था।

मेले में उत्तराखंड की ओर से नवीन पोखरिया, रघुवर भाटिया, कैलाश चंद्र सिंह, जीवन नेगी, नमिता पंत, मीनाक्षी पाठक और सुमन दुम्का शामिल हुए। इनमें नवीन पोखरिया, रघुवर भाटिया और कैलाश चंद्र सिंह खटीमा से हैं।

खटीमा के शिक्षकों ने प्रस्तुत किया गीत

कार्यक्रम में उत्तराखंड के प्रतिभागियों ने ‘देश में चमकि ग्यो उत्तराखंड, पूर्ण साक्षर बनी ग्यो उत्तराखंड...’ गीत पेश किया। प्रस्तुति में राज्य की साक्षरता मुहिम और शिक्षण गतिविधियों से जुड़े संदेश को सामने रखा गया।

नवीन पोखरिया, रघुवर भाटिया और कैलाश चंद्र सिंह शिक्षक हैं। राष्ट्रीय मंच पर उनकी भागीदारी से खटीमा को भी इस आयोजन में स्थान मिला।

देशभर से पहुंचे प्रतिभागी

उल्लास मेले में 28 राज्यों और 8 केंद्र शासित प्रदेशों के प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया। अलग-अलग राज्यों ने अपने स्टॉल लगाए, जहां साक्षरता और शिक्षण गतिविधियों से जुड़ी सामग्री प्रदर्शित की गई।

इस आयोजन में देश की विविधता के साथ साक्षरता अभियान से संबंधित कामकाज और गतिविधियों को भी प्रदर्शित किया गया। उत्तराखंड की टीम ने गीत के जरिए अपनी भागीदारी दर्ज कराई।

निष्कर्ष

राष्ट्रीय उल्लास मेले में खटीमा के 3 शिक्षकों ने उत्तराखंड का प्रतिनिधित्व किया। 7 प्रतिभागियों की टीम ने साक्षरता पर आधारित गीत प्रस्तुत कर राज्य की भागीदारी सामने रखी।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

Q. यह आयोजन कहां हुआ?

यह कार्यक्रम दिल्ली के बाल भवन में आयोजित किया गया।

Q. उल्लास मेले में किन राज्यों की भागीदारी रही?

मेले में 28 राज्यों और 8 केंद्र शासित प्रदेशों के प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया।

Q. उत्तराखंड से कितने प्रतिभागी शामिल हुए?

उत्तराखंड से 7 प्रतिभागियों ने कार्यक्रम में हिस्सा लिया।

Q. खटीमा से कौन-कौन शामिल हुए?

नवीन पोखरिया, रघुवर भाटिया और कैलाश चंद्र सिंह खटीमा से शामिल हुए।

Q. उत्तराखंड के प्रतिभागियों ने क्या प्रस्तुत किया?

उन्होंने ‘देश में चमकि ग्यो उत्तराखंड, पूर्ण साक्षर बनी ग्यो उत्तराखंड...’ गीत प्रस्तुत किया।