देहरादून में मिठाई और बेकरी उत्पाद खरीदने वाले ग्राहकों को अब खुली मिठाइयों की ट्रे पर निर्माण तिथि और अवसान तिथि यानी एक्सपायरी डेट की जानकारी मिलनी चाहिए। खाद्य संरक्षा एवं औषधि प्रशासन की टीमों ने शहर के अलग-अलग इलाकों में 27 प्रतिष्ठानों का निरीक्षण कर इस व्यवस्था की जांच की।
यह अभियान आयुक्त खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विनय शंकर पांडेय के निर्देश पर चलाया जा रहा है। जांच के दौरान कुछ दुकानों पर खुली मिठाइयों की ट्रे में दोनों तारीखें दर्ज मिलीं, जबकि कुछ प्रतिष्ठानों में जरूरी जानकारी नहीं लिखी थी। विभाग ने ऐसे कारोबारियों को व्यवस्था सुधारने और निर्धारित निर्देशों का पालन करने को कहा है।
इन इलाकों में हुई जांच
सहायक आयुक्त खाद्य सुरक्षा मनीष सयाना के नेतृत्व में वरिष्ठ खाद्य सुरक्षा अधिकारी रमेश सिंह की टीम ने बालावाला, मियांवाला, हरिद्वार रोड, जोगीवाला, शास्त्री नगर, नेहरू कॉलोनी और सहारनपुर रोड के मिठाई व बेकरी प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया। इस चरण में कुल 27 दुकानों और प्रतिष्ठानों की जांच की गई।
लकी स्वीट्स मियांवाला, प्रकाश इंटरप्राइजेज शास्त्री नगर, आंचल स्वीट्स, चंचल स्वीट्स, आहूजा स्वीट्स, ओम बीकानेर स्वीट्स, नीरज स्वीट्स, दून स्वीट्स, रस्तोगी स्वीट्स और गोयल स्वीट्स सहित कई प्रतिष्ठानों पर ट्रे में निर्माण तिथि और अवसान तिथि अंकित मिली। अनिल मावा भंडार एवं स्वीट्स शॉप में भी निर्धारित जानकारी दर्ज पाई गई।
इसके उलट बीकानेर मिष्ठान भंडार, मालसी पुलिया, भगवान दास चौक, नकरौंदा रोड, जशोदा स्वीट्स मियांवाला, पंवार स्वीट्स जोगीवाला, गढ़वाल स्वीट्स जोगीवाला और जर्मन बेकर जोगीवाला में दोनों तारीखें दर्ज नहीं मिलीं। विभाग के अनुसार, संबंधित प्रतिष्ठानों में से 5 की अनुपालन आख्या शाम तक प्राप्त हो गई थी।
सहस्रधारा रोड और आईटी पार्क में भी निरीक्षण
खाद्य सुरक्षा विभाग की एक अन्य टीम ने सहस्रधारा रोड और आईटी पार्क क्षेत्र में जांच की। वरिष्ठ खाद्य सुरक्षा अधिकारी संजय तिवारी के नेतृत्व में टीम ने काशी स्वीट्स और आईटी पार्क व मंदाकिनी कॉलोनी के आसपास स्थित बीकानेर प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया।
इनमें मिठाइयों की ट्रे पर निर्माण तिथि और अवसान तिथि अंकित मिली। हालांकि, एक अन्य प्रतिष्ठान में निर्देशों का पालन नहीं पाया गया। टीम ने संबंधित कारोबारी को ट्रे पर दोनों तारीखें साफ तौर पर दर्ज करने के निर्देश दिए।
ग्राहकों के लिए तारीखों की जानकारी क्यों जरूरी
खुली मिठाइयां आम तौर पर ट्रे में रखी जाती हैं। ऐसे में ग्राहक कई बार यह नहीं जान पाते कि मिठाई कब तैयार हुई और उसका इस्तेमाल कब तक किया जा सकता है। ट्रे पर निर्माण और अवसान तिथि लिखे होने से खरीदारी के समय यह जानकारी सीधे मिल सकेगी।
विभाग के मुताबिक अभियान का उद्देश्य केवल दुकानों की जांच करना नहीं है। खाद्य कारोबारियों को नियमों के प्रति जागरूक करना और ग्राहकों के हितों की रक्षा करना भी इसका हिस्सा है। इसी वजह से जिन प्रतिष्ठानों में कमी मिली, उन्हें पहले व्यवस्था दुरुस्त करने और निर्देशों का पालन करने को कहा गया है।
आयुक्त विनय शंकर पांडेय ने कहा है कि प्रदेश के उपभोक्ताओं को सुरक्षित, गुणवत्तापूर्ण और मानकों के अनुरूप खाद्य पदार्थ उपलब्ध कराना विभाग की प्राथमिकता है। उन्होंने अधिकारियों को नियमित निरीक्षण कर व्यवस्था का पालन सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए हैं।
विभाग ने खाद्य कारोबारियों से नियमों का अनिवार्य रूप से पालन करने को कहा है। निर्देशों की अनदेखी करने वाले प्रतिष्ठानों के खिलाफ खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम के तहत नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
निष्कर्ष
देहरादून में 27 मिठाई और बेकरी प्रतिष्ठानों की जांच के दौरान कई दुकानों पर तारीखों की जानकारी दर्ज मिली, लेकिन कुछ जगह कमी भी सामने आई। विभाग ने कारोबारियों को सुधार के निर्देश दिए हैं और नियमों की अनदेखी पर कानूनी कार्रवाई की चेतावनी दी है।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
Q. देहरादून में खाद्य सुरक्षा विभाग ने कितने प्रतिष्ठानों की जांच की?
कुल 27 मिठाई और बेकरी प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया गया।
Q. मिठाई की ट्रे पर कौन-सी जानकारी लिखना जरूरी है?
ट्रे पर मिठाई की निर्माण तिथि और अवसान तिथि यानी एक्सपायरी डेट अंकित करनी होगी।
Q. किन इलाकों में जांच हुई?
बालावाला, मियांवाला, हरिद्वार रोड, जोगीवाला, शास्त्री नगर, नेहरू कॉलोनी, सहारनपुर रोड, सहस्रधारा रोड और आईटी पार्क क्षेत्र में जांच हुई।
Q. क्या सभी दुकानों पर तारीखें दर्ज मिलीं?
नहीं। कई प्रतिष्ठानों पर तारीखें दर्ज मिलीं, जबकि कुछ दुकानों में दोनों तारीखें अंकित नहीं थीं।
Q. नियमों का पालन नहीं करने वाले कारोबारियों के खिलाफ क्या होगा?
विभाग के अनुसार, निर्देशों की अनदेखी करने वाले प्रतिष्ठानों के खिलाफ खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम के तहत नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
Q. अभियान किसके निर्देश पर चलाया जा रहा है?
यह अभियान आयुक्त खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विनय शंकर पांडेय के निर्देश पर चलाया जा रहा है।











