खटीमा तहसील में मंगलवार को आजाद समाज पार्टी (कांशीराम) ने मुस्लिम बहुल क्षेत्रों की समस्याओं को लेकर प्रदर्शन किया। कार्यकर्ताओं ने तहसील परिसर के बाहर धरना दिया और अपनी मांगों से जुड़ा ज्ञापन प्रशासन को सौंपा।

राष्ट्रीय प्रवक्ता नईम कुरैशी के नेतृत्व में पार्टी कार्यकर्ता नारे लगाते हुए तहसील पहुंचे थे। पुलिस ने बैरिकेडिंग लगाकर उन्हें आगे बढ़ने से रोका। इसी बात को लेकर दोनों पक्षों के बीच तीखी नोकझोंक हुई।

बाद में कार्यकर्ता तहसील गेट पर बैठ गए। मौके पर मौजूद सीओ नीरज सेमवाल ने उनसे बातचीत की और स्थिति संभालने की कोशिश की। इसके बाद पार्टी के 2-3 पदाधिकारियों को तहसील परिसर के अंदर जाने की अनुमति दी गई।

इन पदाधिकारियों ने तहसीलदार वीरेंद्र सजवाण से मुलाकात की और एसडीएम को संबोधित ज्ञापन उन्हें सौंपा। प्रदर्शनकारियों ने मुस्लिम बहुल इलाकों से जुड़ी समस्याओं को प्रशासन के सामने रखा, ज्ञापन की मांगों का विस्तृत ब्योरा की जानकारी अभी नहीं है।

प्रदर्शन में आसपा के प्रदेशाध्यक्ष लेखराज गौतम, जिलाध्यक्ष जयविंदर सिंह, जावेद अख्तर, शाहनवाज अहमद, सतेंद्र, टोनी पठान और सतीश कुमार भी मौजूद रहे।

निष्कर्ष

खटीमा में समस्याओं को लेकर हुए प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं और पुलिस के बीच बैरिकेडिंग पर विवाद हुआ। बातचीत के बाद पदाधिकारियों ने तहसीलदार को एसडीएम के नाम ज्ञापन सौंप दिया।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

Q. खटीमा में किस संगठन ने प्रदर्शन किया?

आजाद समाज पार्टी (कांशीराम) के कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन किया।

Q. प्रदर्शन किस मुद्दे को लेकर हुआ?

प्रदर्शन मुस्लिम बहुल क्षेत्रों की समस्याओं को लेकर किया गया।

Q. प्रदर्शन का नेतृत्व किसने किया?

राष्ट्रीय प्रवक्ता नईम कुरैशी ने प्रदर्शन का नेतृत्व किया।

Q. पुलिस और कार्यकर्ताओं के बीच विवाद क्यों हुआ?

पुलिस ने बैरिकेडिंग लगाकर कार्यकर्ताओं को रोका था। इसी दौरान दोनों पक्षों में तीखी नोकझोंक हुई।

Q. ज्ञापन किसे सौंपा गया?

पार्टी पदाधिकारियों ने एसडीएम को संबोधित ज्ञापन तहसीलदार वीरेंद्र सजवाण को सौंपा।