कार्यशाला में स्पष्ट किया गया कि यह अभियान मुख्यमंत्री के जन्मदिन पर 16 सितम्बर से और प्रधानमंत्री के जन्मदिन पर 17 सितम्बर से शुरू होगा। इसके बाद यह एक महीने तक सेवा सप्ताह/सेवा अभियान के रूप में चलेगा, जिसमें हर मंडल, शक्ति केंद्र और बूथ स्तर पर कई सेवा-सम्बन्धी कार्यक्रम चलाए जाएंगे।
अभियान को ठोस ढंग से लागू करने के लिए सभी मंडलों और पदाधिकारियों को जिम्मेदारियां दी गईं ताकि यह कदम बूथ स्तर तक पहुंचे।







