देहरादून के सहस्रधारा रोड स्थित कानन कुंज के पास बुधवार सुबह एक महिला को जबरन कार में बैठाने की कोशिश की गई। महिला के शोर मचाने पर पास में काम कर रहीं नगर निगम की 3 महिला सफाईकर्मियों ने मौके पर पहुंचकर आरोपियों का विरोध किया। उनके प्रतिरोध के बाद दोनों आरोपी महिला को छोड़कर भाग गए।
पुलिस ने मामले में अपहरण के प्रयास का मुकदमा दर्ज कर लिया है। आरोपियों की पहचान अभी नहीं हुई है और उनकी तलाश की जा रही है। पुलिस घटना के पीछे पारिवारिक विवाद की संभावना को भी जांच का हिस्सा मान रही है।
स्कूटी से घर लौटते समय रोका
पुलिस के अनुसार, मेला राम कॉलोनी की रहने वाली 45 वर्षीय सुषमा वर्मा बुधवार सुबह अपनी 19 वर्षीय बेटी को कॉलेज जाने के लिए नालापानी चौक पर छोड़कर स्कूटी से लौट रही थीं। कानन कुंज वाली गली के पास पीछे से काले रंग की एक कार आकर रुकी।
कार में नंबर प्लेट नहीं लगी थी। उससे 2 नकाबपोश युवक उतरे और सुषमा को खींचकर वाहन के अंदर बैठाने की कोशिश करने लगे। सुषमा के चिल्लाने पर पास से गुजर रहीं सफाईकर्मी अनिता, सविता और माया ने घटना देख ली।
तीनों महिलाओं ने आरोपियों को रोकने के लिए झाड़ू के डंडों से हमला किया। अचानक हुए विरोध से दोनों युवक पीछे हटे और कार लेकर मौके से निकल गए। बाद में सफाईकर्मियों ने अपने सुपरवाइजर तेजपाल सिंह को घटना की जानकारी दी।
पारिवारिक विवाद के पहलू पर भी जांच
रायपुर थाने के एसओ संजीत कुमार ने बताया कि सुषमा स्वयं सहायता समूह से जुड़ी हैं। पुलिस के मुताबिक, वह पहले डेयरी चलाती थीं और करीब एक महीने पहले उसे बंद करके समूह से जुड़ी थीं।
पुलिस ने बताया कि सुषमा का पति राहुल वर्मा से हाल में पारिवारिक विवाद चल रहा है। राहुल वर्मा उत्तरकाशी में रहते हैं। सुषमा ने उन तीनों अज्ञात आरोपियों को पहचानने से इनकार किया है, इसलिए पुलिस यह भी जांच कर रही है कि घटना का संबंध पति से चल रहे विवाद से तो नहीं है। अभी इस पहलू की पुष्टि नहीं हुई है।
सीसीटीवी से कार का रूट खंगाला जा रहा
जांच में सामने आया है कि संदिग्ध कार सहस्रधारा क्रॉसिंग से घटनास्थल तक आई थी। सीसीटीवी फुटेज में कार वारदात के बाद उसी कट से लौटती और लाडपुर की दिशा में जाती दिखाई दे रही है।
पुलिस कार के आने-जाने के रास्ते की जानकारी जुटा रही है। वाहन पुराना बताया गया है और उसकी नंबर प्लेट हटाई गई थी। इसी आधार पर पुलिस आरोपियों तक पहुंचने की कोशिश कर रही है।
निष्कर्ष
कानन कुंज में समय पर पहुंचीं 3 सफाईकर्मियों के विरोध से महिला को कार में ले जाने की कोशिश नाकाम हो गई। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर सीसीटीवी फुटेज और पारिवारिक विवाद, दोनों पहलुओं पर जांच शुरू की है।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
Q. घटना कहां हुई?
सुषमा वर्मा को देहरादून के सहस्रधारा रोड स्थित कानन कुंज के पास कार में बैठाने की कोशिश की गई।
Q. महिला को बचाने के लिए कौन पहुंचा?
नगर निगम की सफाईकर्मी अनिता, सविता और माया ने आरोपियों का विरोध किया।
Q. आरोपी कैसे फरार हुए?
महिलाओं के झाड़ू से विरोध करने के बाद दोनों आरोपी सुषमा को छोड़कर कार से भाग गए।
Q. पुलिस ने कौन-सी कार्रवाई की है?
पुलिस ने अपहरण के प्रयास का मुकदमा दर्ज किया है और आरोपियों की तलाश कर रही है।
Q. क्या आरोपियों की पहचान हुई है?
नहीं, सुषमा ने तीनों अज्ञात आरोपियों को पहचानने से इनकार किया है।
Q. पुलिस किस दूसरे पहलू की जांच कर रही है?
पुलिस सुषमा और उनके पति राहुल वर्मा के बीच चल रहे पारिवारिक विवाद के पहलू की भी जांच कर रही है।
Q. संदिग्ध कार के बारे में क्या जानकारी मिली है?
सीसीटीवी में कार को सहस्रधारा क्रॉसिंग से आते और लाडपुर की ओर जाते देखा गया है। उसकी नंबर प्लेट हटाई गई थी।








