उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने पौड़ी गढ़वाल के श्रीनगर में आयोजित ‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ’ कार्यक्रम को संबोधित किया। उन्होंने कार्यक्रम में बड़ी संख्या में जुटे लोगों को लोकतंत्र के समर्थन में खड़े होने वाला बताया।

धामी ने कहा कि देश में बने अशांति के माहौल के जवाब में लोग कार्यक्रम में पहुंचे हैं। उनके मुताबिक, लोगों की मौजूदगी खुद बहुत कुछ कहती है और इसके बाद कहने के लिए ज्यादा कुछ नहीं बचता।

मुख्यमंत्री का यह संबोधन उस दिन हुआ, जब सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती मनाई जा रही थी। धामी ने पटेल के योगदान का उल्लेख करते हुए कहा कि उन्होंने 560 से अधिक रियासतों को एकजुट किया और अखंड भारत की नींव रखी।

कार्यक्रम में धामी का संदेश

धामी ने अपने संबोधन में लोकतंत्र की रक्षा और देश में अराजकता के विरोध को कार्यक्रम का मुख्य संदेश बताया। उन्होंने उपस्थित लोगों की संख्या को इसी भावना का संकेत कहा।

उन्होंने कहा कि लोग लोकतंत्र के लिए खड़े होने और देश में बने अशांति के माहौल का जवाब देने के लिए यहां एकत्र हुए हैं। कार्यक्रम में मौजूद लोगों की कुल संख्या या आगे की किसी कार्रवाई का विवरण की जानकारी अभी नहीं है।

सरदार पटेल का संदर्भ

मुख्यमंत्री ने सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती का उल्लेख करते हुए उनके राष्ट्रीय एकीकरण में योगदान को याद किया। उन्होंने कहा कि पटेल ने 560 से अधिक रियासतों को एकजुट किया था।

धामी ने पटेल के इस योगदान को अखंड भारत की नींव से जोड़ा। उनके संबोधन में लोकतंत्र के समर्थन और राष्ट्रीय एकता के इस संदर्भ को एक साथ रखा गया।

निष्कर्ष

श्रीनगर में धामी ने लोकतंत्र के समर्थन और देश में अशांति के विरोध में आयोजित कार्यक्रम को संबोधित किया। उन्होंने बड़ी संख्या में लोगों की मौजूदगी का उल्लेख किया और सरदार पटेल के राष्ट्रीय एकीकरण के योगदान को याद किया।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

Q. यह कार्यक्रम कहां आयोजित हुआ?

कार्यक्रम उत्तराखंड के पौड़ी गढ़वाल जिले के श्रीनगर में आयोजित हुआ।

Q. कार्यक्रम को किसने संबोधित किया?

उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कार्यक्रम को संबोधित किया।

Q. कार्यक्रम का नाम क्या था?

कार्यक्रम का नाम ‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ’ था।

Q. धामी ने कार्यक्रम में क्या कहा?

उन्होंने कहा कि बड़ी संख्या में लोग लोकतंत्र के समर्थन और देश में बने अशांति के माहौल के विरोध में जुटे हैं।

Q. संबोधन में सरदार पटेल का उल्लेख क्यों हुआ?

धामी ने सरदार पटेल की जयंती पर उनके राष्ट्रीय एकीकरण के योगदान को याद किया।

Q. सरदार पटेल से जुड़ा कौन-सा तथ्य बताया गया?

धामी ने कहा कि सरदार पटेल ने 560 से अधिक रियासतों को एकजुट किया और अखंड भारत की नींव रखी।