कोटद्वार में त्योहारी सीजन को देखते हुए खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन ने जांच अभियान चलाया। टीम ने 12 और 13 अक्तूबर को फूड सेफ्टी ऑन व्हील्स के माध्यम से 145 खाद्य पदार्थों की मौके पर जांच की। इनमें 31 खाद्य पदार्थ गुणवत्ता मानकों के अनुरूप नहीं मिले।

जांच के बाद संबंधित कारोबारियों को मौके पर ही सुधार करने के निर्देश दिए गए। उन्हें यह भी चेतावनी दी गई कि निर्देशों की अनदेखी करने पर कार्रवाई की जा सकती है। अभियान का उद्देश्य त्योहारी सीजन में खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता सुनिश्चित करना और उपभोक्ताओं को सुरक्षित खाद्य सामग्री उपलब्ध कराना है।

किन खाद्य पदार्थों की हुई जांच

अभियान के दौरान दूध से बने 21 खाद्य पदार्थों की जांच की गई। मिठाई के 42, तेल एवं वसा के 15 और मसालों के 33 खाद्य पदार्थ भी जांचे गए। इसके अलावा अनाज एवं अनाज से बने 14 तथा अन्य श्रेणियों के 20 खाद्य पदार्थों को भी मौके पर परखा गया।

टीम ने खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता की जांच मौके पर ही की और संबंधित विक्रेताओं को जरूरी निर्देश दिए। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, 145 खाद्य पदार्थों में से 31 की गुणवत्ता तय मानकों के अनुरूप नहीं पाई गई।

अधिकारियों के निर्देश पर चला अभियान

यह जांच अभियान आयुक्त खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन उत्तराखंड और जिलाधिकारी पौड़ी गढ़वाल के निर्देश पर चलाया गया। अभियान का नेतृत्व डिप्टी कमिश्नर लैब वीरेंद्र सिंह बिष्ट ने किया।

टीम में वरिष्ठ खाद्य सुरक्षा अधिकारी कोटद्वार संदीप मिश्रा, फूड एनालिस्ट जितेंद्र भंडारी और लैब असिस्टेंट गौरव नेगी समेत अन्य कर्मचारी शामिल रहे।

निष्कर्ष

कोटद्वार में त्योहारी सीजन से पहले 145 खाद्य पदार्थों की जांच में 31 गुणवत्ता मानकों के अनुरूप नहीं मिले। संबंधित कारोबारियों को सुधार के निर्देश दिए गए हैं और अनदेखी पर कार्रवाई की चेतावनी दी गई है।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

Q. कोटद्वार में खाद्य पदार्थों की जांच कब हुई?

12 और 13 अक्तूबर को खाद्य पदार्थों की मौके पर जांच की गई।

Q. कुल कितने खाद्य पदार्थों की जांच हुई?

फूड सेफ्टी ऑन व्हील्स के माध्यम से 145 खाद्य पदार्थों की जांच हुई।

Q. कितने खाद्य पदार्थ गुणवत्ता मानकों के अनुरूप नहीं मिले?

जांच में 31 खाद्य पदार्थ गुणवत्ता मानकों के अनुरूप नहीं मिले।

Q. जांच के बाद कारोबारियों को क्या निर्देश दिए गए?

संबंधित कारोबारियों को मौके पर सुधार करने के निर्देश दिए गए। अनदेखी पर कार्रवाई की चेतावनी भी दी गई।

Q. अभियान का उद्देश्य क्या था?

अभियान का उद्देश्य खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता सुनिश्चित करना और उपभोक्ताओं को सुरक्षित खाद्य सामग्री उपलब्ध कराना था।