Rudrapur News: रुद्रपुर, वरिष्ठ संवाददाता। रुद्रपुर में बारावफात के जुलूस के दौरान त्रिशुल चौक के पास समुदाय को संबोधित करते हुए कथित भड़काऊ भाषण के मामले में सीजेएम कोर्ट ने आरोपी की जमानत याचिका खारिज कर दी है। मामले में पुलिस ने आरोपी को पूर्व में गिरफ्तार किया था और कोर्ट ने 14 दिन की न्यायिक अभिरक्षा में आरोपी को जेल भेज दिया था। पिछले सप्ताह रुद्रपुर में बारावफात के जुलूस दौरान त्रिशूल चौक के पास समाज को संबोधित करते हुए एक कथित भड़काऊ भाषण सोशल मीडिया में वायरल हुआ था। कथित तौर पर वीडियो में रामपुर के दड़ियाल टांडा निवासी मुफ्ती मुजीब मदरसों को बंद करने को लेकर चेतावनी देते हुए कहते दिख रहे थे कि मदरसों के बारे में आज ज्यादा फैसला न लें। मदरसों में लोगों को तालीम दी जाती है कि किसी पर जुल्म और ज्यादती न करें। चोरी न करें। कथित तौर पर इसके बाद वह कहते हुए दिख रहे थे कि अगर मदरसों को बंद किया तो देखना समाज के लोग क्या करेंगे। वीडियो में आरोपी कथित तौर पर ईदगाह की भूमि को वापस करने की मांग भी करते नजर आ रहे थे। वीडियो वायरल होने के बाद प्रसारित होने के बाद पुलिस ने वीडियो का संज्ञान लेते हुए आरोपी मुफ्ती मुजीब से पूछताछ के बाद उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया था। वहीं कोर्ट ने आरोपी को 14 दिन की न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया था। वहीं सीओ विभव सैनी ने बताया कि आरोपी ने सीजेएम कोर्ट में जमानत याचिका दायर की थी। कोर्ट ने आरोपी की जमानत याचिका खारिज कर दी है।