रुड़की में रोडवेज कर्मचारियों का अगस्त और सितंबर का वेतन अभी लंबित है। कर्मचारियों के अनुसार जुलाई का भुगतान हो चुका है, लेकिन इसके बाद 2 महीनों की तनख्वाह नहीं मिली। इस स्थिति ने उनके सामने घरेलू जरूरतें पूरी करने का संकट खड़ा कर दिया है।

कर्मचारियों का कहना है कि वे नियमित रूप से ड्यूटी कर रहे हैं। इसके बावजूद भुगतान में देरी जारी है। उनका दावा है कि पहले भी एक महीने का वेतन देकर 2 महीने की तनख्वाह रोक दी गई थी। अब उसी तरह की परेशानी दोबारा सामने आई है।

परिवारों के जरूरी खर्च प्रभावित

वेतन नहीं मिलने से कर्मचारियों को घर का खर्च चलाने में मुश्किल हो रही है। बच्चों की पढ़ाई-लिखाई और शादी समारोहों से जुड़े खर्च भी प्रभावित होने की बात कर्मचारियों ने कही है। अन्य जरूरी भुगतान पूरे करने में भी उन्हें परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।

कर्मचारियों ने कहा कि समय पर वेतन नहीं मिलने से वे लगातार आर्थिक दबाव में हैं। उनका कहना है कि नियमित काम करने के बाद भी भुगतान में ऐसी देरी चिंता बढ़ा रही है।

कर्मचारी संगठनों ने दी आंदोलन की चेतावनी

रोडवेज के अलग-अलग कर्मचारी संगठनों ने वेतन भुगतान में लगातार देरी पर नाराजगी जताई है। संगठनों ने कहा है कि समय पर वेतन जारी करने की व्यवस्था में सुधार नहीं हुआ तो आंदोलन किया जाएगा।

संगठनों ने जरूरत पड़ने पर रोडवेज का संचालन बंद करने और अनिश्चितकालीन धरने पर बैठने की चेतावनी दी है। फिलहाल उपलब्ध जानकारी में वेतन भुगतान की अगली तारीख या प्रशासन की ओर से कोई जवाब सामने नहीं आया है।

निष्कर्ष

अगस्त और सितंबर का वेतन लंबित रहने से रुड़की रोडवेज कर्मचारियों पर आर्थिक दबाव बढ़ा है। कर्मचारी संगठन भुगतान व्यवस्था में सुधार नहीं होने पर संचालन बंद कर अनिश्चितकालीन धरने की चेतावनी दे चुके हैं।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

Q. रुड़की रोडवेज कर्मचारियों का किन महीनों का वेतन बाकी है?

अगस्त और सितंबर का वेतन अब तक लंबित बताया गया है।

Q. क्या जुलाई का वेतन कर्मचारियों को मिल चुका है?

कर्मचारियों के अनुसार जुलाई का वेतन जारी हो चुका है।

Q. वेतन में देरी से कर्मचारियों पर क्या असर पड़ा है?

घरेलू खर्च, बच्चों की पढ़ाई और शादी समारोहों से जुड़े खर्च प्रभावित हो रहे हैं।

Q. क्या कर्मचारी नियमित ड्यूटी कर रहे हैं?

कर्मचारियों का कहना है कि वे नियमित रूप से अपनी ड्यूटी कर रहे हैं।

Q. कर्मचारी संगठनों ने क्या चेतावनी दी है?

व्यवस्था में सुधार नहीं होने पर संचालन बंद कर अनिश्चितकालीन धरना देने की चेतावनी दी गई है।