हरिद्वार पुलिस ने ऑनलाइन फ्रॉड के मामले में सुहैल को एक लाख 7 हजार रुपये वापस कराए हैं। रकम लौटने के बाद पीड़ित ने पुलिस के प्रति आभार जताया।
पुलिस ने लोगों से कहा है कि साइबर ठगी का शिकार होने पर शिकायत करने में देर न करें। इसके लिए 1930 हेल्पलाइन पर तुरंत सूचना दी जा सकती है।
शिकायत में देरी से बढ़ता है नुकसान
पुलिस के अनुसार, फ्रॉड के बाद शिकायत दर्ज कराने में जितना अधिक समय लगता है, रकम डूबने का खतरा उतना ही बढ़ जाता है। इसलिए ठगी का पता चलते ही पीड़ित को तत्काल 1930 पर संपर्क करना चाहिए।
इस मामले में पुलिस की कार्रवाई के बाद सुहैल को उनकी ठगी गई रकम वापस मिली। शिकायत की तारीख, फ्रॉड का तरीका और रकम लौटाने की पूरी प्रक्रिया का विवरण की जानकारी अभी नहीं है।
निष्कर्ष
हरिद्वार पुलिस ने सुहैल को एक लाख 7 हजार रुपये वापस कराए। साइबर फ्रॉड की स्थिति में पुलिस ने 1930 पर जल्द शिकायत करने की अपील की है।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
Q. सुहैल को कितनी रकम वापस मिली?
उन्हें ऑनलाइन फ्रॉड में गई एक लाख 7 हजार रुपये की रकम वापस मिली।
Q. रकम किसने लौटाई?
हरिद्वार पुलिस की कार्रवाई के बाद सुहैल को रकम वापस मिली।
Q. सुहैल ने रकम मिलने के बाद क्या किया?
उन्होंने हरिद्वार पुलिस का आभार जताया।
Q. साइबर फ्रॉड होने पर किस नंबर पर शिकायत करनी चाहिए?
साइबर ठगी होते ही 1930 पर शिकायत दर्ज करानी चाहिए।
Q. शिकायत करने में देरी का क्या असर पड़ता है?
देरी होने पर पैसे वापस मिलने का जोखिम बढ़ जाता है।













