देहरादून में उत्तराखंड प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष गणेश गोदियाल ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के बयान पर प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि सरकार आज बैकफुट पर है और दूसरों पर घुसपैठिया होने का आरोप लगाना सस्ती दलील है।
गणेश गोदियाल ने कहा कि इस तरह के शब्द सरकार को शोभा नहीं देते। उन्होंने अमित शाह के बयान की आलोचना करते हुए कहा कि ऐसी भाषा लोकतांत्रिक मूल्यों के अनुरूप नहीं है।
जुटे लोगों को बताया लोकतंत्र का समर्थक
कांग्रेस नेता ने कहा कि वहां जुटे लोग भारतीय लोकतंत्र के सच्चे शुभचिंतक हैं। उनके मुताबिक, ये लोग लोकतंत्र को मजबूत और जीवित रखने के लिए संघर्ष कर रहे हैं।
गोदियाल की यह प्रतिक्रिया अमित शाह के उस बयान के संदर्भ में आई, जिस पर देहरादून में उनसे सवाल किया गया था। अमित शाह के मूल बयान का पूरा विवरण की जानकारी अभी नहीं है।
विवाद का केंद्र क्या है
गोदियाल ने अपने बयान में 2 मुख्य बातें कहीं। पहली, उन्होंने सरकार के बैकफुट पर होने का दावा किया। दूसरी, उन्होंने लोगों को घुसपैठिया बताने की भाषा को सस्ती दलील बताते हुए इसकी आलोचना की।
उन्होंने यह भी कहा कि वहां मौजूद लोग लोकतंत्र को मजबूत और जीवित रखने की कोशिश कर रहे हैं। यह बयान राजनीतिक प्रतिक्रिया के रूप में सामने आया है।
निष्कर्ष
देहरादून में गणेश गोदियाल ने अमित शाह के बयान पर सरकार की आलोचना की। उन्होंने घुसपैठिया कहे जाने वाली दलील को सस्ता बताया और जुटे लोगों को लोकतंत्र का समर्थक बताया।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
Q. गणेश गोदियाल कौन हैं?
गणेश गोदियाल उत्तराखंड प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष हैं।
Q. उन्होंने किसके बयान पर प्रतिक्रिया दी?
उन्होंने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के बयान पर प्रतिक्रिया दी।
Q. गोदियाल ने सरकार के बारे में क्या कहा?
उन्होंने कहा कि सरकार आज बैकफुट पर है।
Q. दूसरों को घुसपैठिया बताने पर गोदियाल की क्या राय थी?
उन्होंने इसे सस्ती दलील बताया और कहा कि ऐसे शब्द सरकार को शोभा नहीं देते।
Q. गोदियाल ने वहां जुटे लोगों के बारे में क्या कहा?
उन्होंने उन्हें भारतीय लोकतंत्र का सच्चा शुभचिंतक बताया।
Q. लोकतंत्र को लेकर गोदियाल ने क्या कहा?
उन्होंने कहा कि वहां जुटे लोग लोकतंत्र को मजबूत और जीवित रखने के लिए संघर्ष कर रहे हैं।












