उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने 4 अक्टूबर 2026 को खटीमा में रोडशो किया और आदि रंगोत्सव में शामिल हुए। इस दौरान उन्होंने शहर की सामाजिक विविधता को रेखांकित करते हुए खटीमा को ‘मिनी इंडिया’ यानी भारत का लघु रूप बताया।

धामी के मुताबिक, कार्यक्रम में अलग-अलग समुदायों के लोग सड़कों पर नजर आए। पारंपरिक पोशाक में महिलाएं और क्षेत्र के विभिन्न सामाजिक समूहों के लोग आयोजन का हिस्सा बने। उन्होंने कहा कि खटीमा में रहने वाले हर समुदाय की भागीदारी दिखाई दी।

मुख्यमंत्री ने आदिवासी समुदाय, बंगाली समुदाय, पंजाबी समुदाय और पूर्वांचल क्षेत्र से जुड़े लोगों का उल्लेख किया। उन्होंने पहाड़ी इलाकों से आए लोगों द्वारा चोलिया नृत्य किए जाने की बात भी कही।

खटीमा की विविध पहचान पर जोर

धामी ने कहा कि शहर की यही विविधता उसे ‘मिनी इंडिया’ की पहचान देती है। उनके अनुसार, यहां अलग-अलग क्षेत्रों और समुदायों से जुड़े लोग साथ रहते हैं। आयोजन में उनकी मौजूदगी से खटीमा की सामाजिक तस्वीर सामने आई।

मुख्यमंत्री ने कहा कि कार्यक्रम में पारंपरिक वेशभूषा, विभिन्न समुदायों की भागीदारी और पहाड़ी सांस्कृतिक प्रस्तुति एक साथ दिखाई दी। चोलिया नृत्य को उन्होंने पहाड़ी क्षेत्र की मौजूदगी से जोड़ा।

2014 के बाद के प्रयासों का जिक्र

अपने संबोधन में धामी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि 2014 से अलग-अलग समुदायों की स्थिति सुधारने और उनकी प्रगति आगे बढ़ाने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं।

मुख्यमंत्री ने इस संदर्भ में आदिवासी, वनवासी और समाज के वंचित वर्गों का नाम लिया। उनका कहना था कि इन समुदायों के उत्थान पर लगातार ध्यान दिया जा रहा है।

खटीमा में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री का मुख्य संदेश शहर की बहुलतावादी पहचान और विभिन्न समुदायों की साझा भागीदारी पर केंद्रित रहा।

निष्कर्ष

आदि रंगोत्सव और रोडशो के दौरान खटीमा की सामाजिक और सांस्कृतिक विविधता सामने आई। मुख्यमंत्री धामी ने इसी आधार पर शहर को ‘मिनी इंडिया’ बताया और अलग-अलग समुदायों के उत्थान के प्रयासों का उल्लेख किया।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

Q. खटीमा में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने क्या कार्यक्रम किया?

धामी ने खटीमा में रोडशो किया और आदि रंगोत्सव में हिस्सा लिया।

Q. धामी ने खटीमा को ‘मिनी इंडिया’ क्यों कहा?

उन्होंने कहा कि शहर में अलग-अलग समुदायों के लोग रहते हैं और कार्यक्रम में सभी की भागीदारी दिखाई दी।

Q. कार्यक्रम में किन समुदायों का उल्लेख हुआ?

धामी ने आदिवासी, बंगाली, पंजाबी और पूर्वांचल क्षेत्र से जुड़े लोगों का उल्लेख किया।

Q. पहाड़ी क्षेत्र से जुड़ी कौन-सी सांस्कृतिक प्रस्तुति हुई?

मुख्यमंत्री के अनुसार, पहाड़ी क्षेत्रों के लोगों ने चोलिया नृत्य किया।

Q. धामी ने केंद्र सरकार के प्रयासों को लेकर क्या कहा?

उन्होंने कहा कि 2014 से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में विभिन्न समुदायों और वंचित वर्गों के उत्थान के लिए लगातार प्रयास हो रहे हैं।