देहरादून में उत्तराखंड के राज्यपाल डॉ. ढाल सिंह बिसेन ने राज्य को आस्था, संस्कृति और वीरता की भूमि बताया। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड की पहचान केवल एक राज्य के रूप में नहीं, बल्कि देश की आस्था और संस्कृति के बड़े केंद्र के रूप में है।
राज्यपाल ने कहा कि उत्तराखंड 4 पवित्र धामों की भूमि है। यहां आदि कैलाश और जागेश्वर धाम जैसे अन्य महत्वपूर्ण धार्मिक स्थल भी हैं। उन्होंने राज्य के अनोखे पर्यटन स्थलों का उल्लेख करते हुए कहा कि उत्तराखंड की पहचान दुनियाभर में बनी हुई है।
राज्यपाल ने गिनाईं उत्तराखंड की विशेषताएं
डॉ. बिसेन ने उत्तराखंड को वीर भूमि भी बताया। उनके अनुसार, राज्य के लगभग हर परिवार से कम से कम एक सदस्य देश की रक्षा के लिए सशस्त्र बलों में सेवा करता है। उन्होंने कहा कि राज्य की महिलाएं सशक्त और प्रेरणादायक हैं।
उन्होंने युवाओं, किसानों और पूरे समाज को मेहनती और मुश्किल परिस्थितियों में टिके रहने वाला बताया। राज्यपाल के मुताबिक, इन्हीं विशेषताओं के कारण उत्तराखंड विकास के अलग-अलग क्षेत्रों में तेजी से आगे बढ़ रहा है।
शिक्षा से पर्यावरण तक पर जोर
राज्यपाल ने कहा कि उनके प्रमुख उद्देश्यों में संवैधानिक मूल्यों को बनाए रखना और राज्यपाल पद की गरिमा की रक्षा करना शामिल है। उन्होंने राज्य सरकार और जनता के साथ मिलकर विकास से जुड़े कामों को गति देने की बात कही।
उन्होंने जिन क्षेत्रों को प्राथमिकता में रखा, उनमें शिक्षा, स्वास्थ्य, कृषि, पर्यटन, पर्यावरण संरक्षण, रोजगार और जनकल्याण शामिल हैं। इन क्षेत्रों में आगे बढ़ने को उन्होंने उत्तराखंड के समग्र विकास से जोड़ा।
डॉ. बिसेन ने कहा कि देवभूमि में शांति, सुरक्षा और समृद्धि सुनिश्चित करना उनका अंतिम लक्ष्य रहेगा। उनके बयान में राज्य की धार्मिक और सांस्कृतिक पहचान के साथ विकास और जनहित के मुद्दों को भी प्रमुखता दी गई।
निष्कर्ष
राज्यपाल डॉ. ढाल सिंह बिसेन ने उत्तराखंड की आस्था, सैन्य परंपरा और सामाजिक ताकत को रेखांकित किया। उन्होंने संवैधानिक मूल्यों की रक्षा के साथ शिक्षा, स्वास्थ्य, कृषि, पर्यटन, पर्यावरण, रोजगार और जनकल्याण को अपनी प्राथमिकताओं में शामिल किया है।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
Q. उत्तराखंड के राज्यपाल कौन हैं?
डॉ. ढाल सिंह बिसेन उत्तराखंड के राज्यपाल हैं।
Q. राज्यपाल ने उत्तराखंड को किन रूपों में बताया?
उन्होंने उत्तराखंड को देवभूमि और वीर भूमि बताया।
Q. उत्तराखंड में किन धार्मिक स्थलों का उल्लेख किया गया?
4 पवित्र धामों के अलावा आदि कैलाश और जागेश्वर धाम का उल्लेख किया गया।
Q. राज्यपाल ने किन विकास क्षेत्रों को प्राथमिकता दी?
उन्होंने शिक्षा, स्वास्थ्य, कृषि, पर्यटन, पर्यावरण संरक्षण, रोजगार और जनकल्याण को प्राथमिकता बताई।
Q. राज्यपाल के अनुसार उत्तराखंड की महिलाएं कैसी हैं?
उन्होंने राज्य की महिलाओं को सशक्त और प्रेरणादायक बताया।
Q. उत्तराखंड के युवाओं और किसानों के बारे में क्या कहा गया?
उन्होंने युवाओं और किसानों सहित पूरे समाज को मेहनती और मुश्किल परिस्थितियों में टिके रहने वाला बताया।
Q. राज्यपाल का अंतिम लक्ष्य क्या है?
उन्होंने उत्तराखंड में शांति, सुरक्षा और समृद्धि सुनिश्चित करने को अंतिम लक्ष्य बताया।













