मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के चम्पावत दौरे के दौरान कांग्रेस जिलाध्यक्ष चिराग फर्त्याल को उनके बिशंग स्थित आवास पर नजरबंद किया गया। रविवार सुबह 5 बजे से पुलिस उनके घर के बाहर तैनात रही।

मुख्यमंत्री का कार्यक्रम समाप्त होने के बाद पुलिस प्रशासन ने फर्त्याल के आवास से अपनी तैनाती हटा ली। इस दौरान उन्हें घर से बाहर जाने और राजनीतिक गतिविधियों में शामिल होने से रोका गया।

फर्त्याल ने कार्रवाई पर जताई आपत्ति

चिराग फर्त्याल ने कहा कि मुख्यमंत्री के दौरे के समय पुलिस उन्हें उनके घर या किसी अन्य स्थान पर नजरबंद कर देती है। उनके अनुसार, इससे उनके काम और गतिविधियां प्रभावित होती हैं।

फर्त्याल ने कहा कि इस तरह की कार्रवाई से कांग्रेस जिलाध्यक्ष के तौर पर उनकी गतिविधियां बाधित हो रही हैं। उन्होंने इसे लेकर प्रशासनिक कार्रवाई पर आपत्ति जताई।

3 दिन पहले धरने की चेतावनी

कांग्रेस जिलाध्यक्ष ने चेतावनी दी कि यदि मुख्यमंत्री के अगले दौरों के दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं को इसी तरह रोका गया, तो पार्टी कार्यकर्ता प्रस्तावित कार्यक्रम स्थल पर 3 दिन पहले ही धरना-प्रदर्शन शुरू कर देंगे।

फिलहाल, उपलब्ध जानकारी में पुलिस प्रशासन की ओर से इस कार्रवाई के कारण या कांग्रेस जिलाध्यक्ष के आरोपों पर अलग बयान सामने नहीं आया है।

निष्कर्ष

चम्पावत दौरे के दौरान चिराग फर्त्याल के आवास के बाहर रविवार सुबह 5 बजे से पुलिस तैनात रही और मुख्यमंत्री का कार्यक्रम खत्म होने के बाद हट गई। फर्त्याल ने विरोध जताते हुए आगे कार्यक्रम स्थल पर 3 दिन पहले धरने की चेतावनी दी है।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

Q. चिराग फर्त्याल कौन हैं?

चिराग फर्त्याल कांग्रेस के चम्पावत जिलाध्यक्ष हैं।

Q. उन्हें कहां नजरबंद किया गया?

उन्हें बिशंग स्थित उनके आवास पर नजरबंद किया गया।

Q. पुलिस कब से उनके घर के बाहर तैनात थी?

पुलिस रविवार सुबह 5 बजे से उनके घर के बाहर तैनात रही।

Q. पुलिस की तैनाती कब हटाई गई?

मुख्यमंत्री का कार्यक्रम समाप्त होने के बाद पुलिस उनके आवास से हट गई।

Q. फर्त्याल ने क्या आरोप लगाया?

उन्होंने कहा कि ऐसी कार्रवाई से उनके काम और राजनीतिक गतिविधियां बाधित होती हैं।

Q. कांग्रेस जिलाध्यक्ष ने आगे क्या चेतावनी दी?

उन्होंने कहा कि आगे कांग्रेस कार्यकर्ता मुख्यमंत्री के प्रस्तावित कार्यक्रम स्थल पर 3 दिन पहले धरना-प्रदर्शन शुरू करेंगे।