नैनीताल। शारदीय नवरात्र की प्रथम तिथि पर मल्लीताल, तल्लीताल और सूखाताल में रामलीला का मंचन शुरू हो गया। अलग-अलग स्थानों पर नारद मोह, राम जन्म, ताड़िका वध और अहिल्या उद्धार की लीलाएं प्रस्तुत की गईं।

मल्लीताल में राम सेवक सभा की रामलीला का उद्घाटन विधायक सरिता आर्या ने किया। उद्घाटन के बाद मंचन शुरू हुआ और आयोजन में धार्मिक प्रसंगों को प्रस्तुत किया गया।

तल्लीताल रामलीला समिति के मारुति साह ने बताया कि यहां रामलीला का आयोजन 130वें वर्ष में प्रवेश कर रहा है। तल्लीताल में राम जन्म और ताड़िका वध की लीला दिखाई गई।

आदर्श रामलीला कमेटी की ओर से सूखाताल में आयोजन किया गया। यहां पुनीत टंडन ने बतौर अतिथि दीप प्रज्वलित कर रामलीला की शुरुआत कराई। सूखाताल में नारद मोह नाटक मंचित किया गया, जिसे दर्शकों ने पसंद किया।

बारिश के कारण शेर का डांडा में मंचन स्थगित

नव सांस्कृतिक सत्संग समिति के अध्यक्ष खुशहाल सिंह ने बताया कि बारिश के चलते शेर का डांडा की रामलीला स्थगित की गई है। समिति के अनुसार, आगामी नवरात्र में प्रथम रामलीला को भी आयोजन में शामिल किया जाएगा।

इस तरह नवरात्र की शुरुआत पर नैनीताल के मल्लीताल, तल्लीताल और सूखाताल में मंचन हो गया, जबकि शेर का डांडा का कार्यक्रम बारिश से प्रभावित रहा।

निष्कर्ष

नैनीताल में शारदीय नवरात्र की पहली तिथि पर 3 स्थानों पर रामलीला शुरू हुई। शेर का डांडा में बारिश के कारण मंचन स्थगित किया गया है और इसे आगामी नवरात्र में शामिल किया जाएगा।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

Q. नैनीताल में किन जगहों पर रामलीला शुरू हुई?

मल्लीताल, तल्लीताल और सूखाताल में रामलीला शुरू हुई।

Q. रामलीला की शुरुआत किस अवसर पर हुई?

रामलीला की शुरुआत शारदीय नवरात्र की प्रथम तिथि पर हुई।

Q. मल्लीताल रामलीला का उद्घाटन किसने किया?

मल्लीताल राम सेवक सभा की रामलीला का उद्घाटन विधायक सरिता आर्या ने किया।

Q. तल्लीताल में कौन-सी लीलाएं दिखाई गईं?

तल्लीताल में राम जन्म और ताड़िका वध की लीला दिखाई गई।

Q. तल्लीताल रामलीला आयोजन की क्या खासियत है?

तल्लीताल रामलीला का आयोजन 130वें वर्ष में प्रवेश कर रहा है।

Q. सूखाताल में कौन-सा नाटक दर्शकों को पसंद आया?

सूखाताल में नारद मोह नाटक दर्शकों को पसंद आया।

Q. शेर का डांडा की रामलीला क्यों स्थगित हुई?

बारिश के चलते शेर का डांडा की रामलीला स्थगित की गई।

Q. स्थगित रामलीला को कब शामिल किया जाएगा?

नव सांस्कृतिक सत्संग समिति के अनुसार, इसे आगामी नवरात्र में शामिल किया जाएगा।