रामनगर। अंकित भंडारी को न्याय दिलाने की मांग को लेकर सोमवार को मालधन में जुलूस निकाला गया। जुलूस का नेतृत्व ब्लॉक प्रमुख मंजू नेगी ने किया। प्रदर्शनकारियों ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए अपनी मांगें उठाईं।
जुलूस मालधन पुलिस चौकी से शुरू होकर मालधन चौराहे तक पहुंचा। प्रदर्शनकारियों ने अंकिता हत्याकांड में कथित वीआईपी का नाम उजागर करने और उसके खिलाफ कार्रवाई की मांग की। उन्होंने कहा कि यह मामला सामने आना चाहिए और जिम्मेदार व्यक्ति पर कार्रवाई होनी चाहिए।
दुष्यंत कुमार गौतम को राज्यपाल बनाए जाने का विरोध
प्रदर्शन के दौरान लोगों ने दुष्यंत कुमार गौतम को सिक्किम का राज्यपाल बनाए जाने का भी विरोध किया। उन्होंने उन्हें पद से हटाने की मांग की। इस दौरान सरकार के खिलाफ नारेबाजी की गई।
प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी कि मांगें पूरी नहीं होने पर उग्र आंदोलन किया जाएगा। जुलूस में संजय नेगी, राहुल डंगवाल, मीना रावत, महावीर रावत, नरेंद्र रावत, सुरेंद्र सिंह बिष्ट, प्रकाश मठपाल, राहुल कांडपाल और इंद्र लाल समेत अन्य लोग मौजूद रहे।
निष्कर्ष
मालधन में निकाले गए जुलूस में अंकित भंडारी को न्याय दिलाने, अंकिता हत्याकांड में कथित वीआईपी का नाम उजागर करने और दुष्यंत कुमार गौतम को पद से हटाने की मांग उठाई गई। मांगें पूरी नहीं होने पर प्रदर्शनकारियों ने उग्र आंदोलन की चेतावनी दी।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
Q. जुलूस कहां निकाला गया?
जुलूस रामनगर के मालधन में निकाला गया। यह मालधन पुलिस चौकी से शुरू होकर मालधन चौराहे तक पहुंचा।
Q. जुलूस का नेतृत्व किसने किया?
जुलूस का नेतृत्व ब्लॉक प्रमुख मंजू नेगी ने किया।
Q. प्रदर्शनकारियों की मुख्य मांग क्या थी?
प्रदर्शनकारियों ने अंकित भंडारी को न्याय दिलाने और अंकिता हत्याकांड में कथित वीआईपी का नाम उजागर करने की मांग की।
Q. दुष्यंत कुमार गौतम को लेकर क्या मांग की गई?
प्रदर्शनकारियों ने दुष्यंत कुमार गौतम को सिक्किम का राज्यपाल बनाए जाने का विरोध किया और उन्हें पद से हटाने की मांग की।
Q. मांगें पूरी नहीं होने पर क्या चेतावनी दी गई?
प्रदर्शनकारियों ने मांगें पूरी नहीं होने पर उग्र आंदोलन की चेतावनी दी।








