देहरादून में दीन दयाल उपाध्याय उत्कृष्टता पुरस्कार समारोह को संबोधित करते हुए उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने राष्ट्रीय शिक्षा नीति को शिक्षा व्यवस्था में बदलाव का अहम कदम बताया। उन्होंने कहा कि इसका लक्ष्य शिक्षा को अधिक आधुनिक, व्यावहारिक और गुणवत्तापूर्ण बनाना है।

धामी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इसी सोच के साथ राष्ट्रीय शिक्षा नीति लागू करने का ऐतिहासिक कदम उठाया है। यह बात उन्होंने समारोह में अपने संबोधन के दौरान कही।

उत्तराखंड की शिक्षा व्यवस्था पर जोर

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री के मार्गदर्शन और पंडित दीन दयाल उपाध्याय की प्रेरणा से राज्य सरकार भी इसी दिशा में दृढ़ता से काम कर रही है। उनके मुताबिक सरकार का ध्यान शिक्षा में नवाचार को बढ़ावा देने पर है।

उन्होंने डिजिटल लर्निंग को प्रोत्साहित करने और भारतीय मूल्यों पर आधारित शिक्षा व्यवस्था को मजबूत करने की बात कही। धामी के अनुसार, इन प्रयासों का उद्देश्य शिक्षा को आधुनिक जरूरतों के अनुरूप बनाना है, साथ ही उसकी जड़ों को भारतीय मूल्यों से जोड़कर रखना है।

समारोह में मुख्यमंत्री का मुख्य जोर शिक्षा की गुणवत्ता, उपयोगिता और बदलती तकनीक के इस्तेमाल पर रहा। पुरस्कार पाने वाले लोगों, पुरस्कारों की संख्या या राज्य सरकार की किसी नई योजना का विवरण की जानकारी अभी नहीं है।

निष्कर्ष

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने देहरादून में शिक्षा नीति को लेकर सरकार की प्राथमिकताएं बताईं। उन्होंने राष्ट्रीय शिक्षा नीति, नवाचार, डिजिटल लर्निंग और भारतीय मूल्यों पर आधारित शिक्षा व्यवस्था को आगे बढ़ाने पर जोर दिया।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

Q. मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने यह बात कहां कही?

उन्होंने देहरादून में आयोजित दीन दयाल उपाध्याय उत्कृष्टता पुरस्कार समारोह में यह बात कही।

Q. धामी ने राष्ट्रीय शिक्षा नीति के बारे में क्या कहा?

उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति शिक्षा व्यवस्था को अधिक आधुनिक, व्यावहारिक और गुणवत्तापूर्ण बनाने के उद्देश्य से लागू की गई है।

Q. उत्तराखंड सरकार शिक्षा के क्षेत्र में किन बातों पर जोर दे रही है?

धामी के अनुसार, सरकार नवाचार, डिजिटल लर्निंग और भारतीय मूल्यों पर आधारित शिक्षा व्यवस्था को मजबूत करने पर ध्यान दे रही है।

Q. धामी ने किससे प्रेरणा लेने की बात कही?

उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन और पंडित दीन दयाल उपाध्याय की प्रेरणा का उल्लेख किया।

Q. क्या समारोह में पुरस्कार पाने वालों की जानकारी दी गई?

उपलब्ध जानकारी में पुरस्कार पाने वाले लोगों या पुरस्कारों की संख्या का विवरण नहीं है।